रायपुर (चैनल इंडिया)। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने राज्य में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू करने को लेकर एक बड़ा एलान किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार आगामी विधानसभा के शीतकालीन सत्र में यूसीसी विधेयक पेश करने की दिशा में तेजी से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि माता कौशल्या की पावन भूमि होने के नाते महिलाओं का सम्मान और अधिकार सुरक्षित करना सरकार की पहली प्राथमिकता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू करने की प्रक्रिया जारी है। उन्होंने बताया कि रंजना देसाई की अध्यक्षता में समिति की बैठकें चल रही हैं और संभावना है कि आगामी शीतकालीन विधानसभा सत्र में यूसीसी लागू किया जा सकता है। मुख्यमंत्री आज कर्नाटक दौरे के लिए रवाना हुए। मुख्यमंत्री ने बताया कि उनका आज कर्नाटक दौरा निर्धारित है। वहां सत्य साईं ग्राम के स्वर्ण जयंती समारोह में शामिल होंगे। इसके अलावा विभिन्न क्षेत्रों के प्रबुद्धजनों से भी मुलाकात का कार्यक्रम तय है। पेपर लीक मामले पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान का स्वागत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री ने इस गंभीर विषय को प्राथमिकता दी है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार लगातार कार्रवाई कर रही है और दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने के लिए पूरी रायपुर में कांग्रेस के अनिश्चितकालीन धरने पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र में सभी को शांतिपूर्ण प्रदर्शन का अधिकार है, लेकिन कानून अपने हाथ में लेने की अनुमति किसी को नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस कार्यकर्ता कश्मीर की तरह पत्थरबाजी पर उतर आए हैं। ऐसे मामलों में कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।तरह प्रतिबद्ध है।
’विकसित बस्तर’ का विजन
मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर के कायापलट के लिए ‘बस्तर मुने’ अभियान शुरू किया गया है, जिसके तहत प्रशासनिक अधिकारी गांवों में 2-3 दिन रुककर बुजुर्गों के राशन कार्ड जैसे लंबित काम मौके पर ही निपटा रहे हैं। इसके अलावा ‘मुख्यमंत्री स्वास्थ्य बस्तर अभियान’ के जरिए अब तक 36 लाख लोगों की स्वास्थ्य जांच पूरी की जा चुकी है। इंद्रावती नदी पर दो बड़ी सिंचाई परियोजनाएं शुरू हो रही हैं, जिससे 80,000 परिवारों को फायदा होगा। साथ ही गृहमंत्री अमित शाह के सहयोग से बस्तर को देश का सबसे सुरक्षित और समृद्ध आदिवासी अंचल बनाने का रोडमैप तैयार कर लिया गया है।