बिलासपुर: छत्तीसगढ़ की न्यायधानी बिलासपुर के सकरी क्षेत्र में पुरानी रंजिश के चलते एक युवक की रस्सी से गला दबाकर निर्मम हत्या करने वाले तीन आरोपियों को जिला न्यायालय ने दोषी करार दिया है। पंचम अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश छाया सिंह की अदालत ने मामले में सुनवाई करते हुए तीनों अभियुक्तों को आजीवन कारावास और 100-100 रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। शासन की ओर से मामले में पैरवी लोक अभियोजक बसंत कुमार लासरे ने की।
मामला सकरी थाना क्षेत्र का है, जहां 5 अगस्त 2024 को मृतका की पत्नी मंजू सूर्यवंशी ने एफआईआर (FIR) दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार, 4 अगस्त 2024 की रात घर के बाहर हो रहे विवाद को सुलझाने निकले रामायण सूर्यवंशी की आरोपियों से बहस हो गई थी, जिस पर आरोपियों ने उसे जान से मारने की धमकी दी थी। उसी रात लगभग 2 बजे जब रामायण बाथरूम के लिए बाहर निकला और काफी देर तक वापस नहीं लौटा, तो पत्नी ने आंगन में जाकर देखा। रामायण गले पर हाथ रखे अचेत पड़ा था और आरोपी राजेश सूर्यवंशी, रामकुमार सूर्यवंशी व योगेश सूर्यवंशी बाउंड्रीवॉल कूदकर भाग रहे थे। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने रामायण को मृत घोषित कर दिया।
घटना के बाद सकरी पुलिस ने मामला दर्ज कर त्वरित कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपियों—राजेश सूर्यवंशी (35 वर्ष), योगेश सूर्यवंशी (23 वर्ष) और रामकुमार सूर्यवंशी (50 वर्ष) को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया था, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया था। विचारण के दौरान न्यायालय ने प्रत्यक्षदर्शियों के बयान, पुलिस की विवेचना और साक्ष्यों को पर्याप्त मानते हुए तीनों को हत्या का दोषी पाया और उम्रकैद की सजा सुनाकर जेल भेज दिया।