विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने किया सोलर महाकुंभ "संवाद 2026" का शुभारंभ

एक मंच पर डेढ़ हजार से अधिक दिग्गज, दो दिन होगा सोलर के क्षेत्र में मंथन 

रायपुर। छत्तीसगढ़ सोलर वेलफेयर एसोसिएशन द्वारा आयेजित दो दिवसीय छत्तीसगढ़ के सबसे सबसे बड़े और सोलर बिजनेस एवं नेटवर्किंग प्लेटफार्म संवाद 2026 का शुभारंभ छत्तीसगढ़ विधानसभा के अध्यक्ष डॉ.रमन सिंह ने किया। 

पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम रायपुर में शुभारंभ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि आज के संवाद 2026 कार्यक्रम का ऊर्जा के क्षेत्र में बड़ा महत्व है। दो दिन मंथन के बाद सबके सामने जो समाधान मिलेगा उससे सोलर के क्षेत्र में आगे बढ़ने की नई ऊर्जा मिलेगी।

डॉ. सिंह ने कहा कि आज हम छत्तीसगढ़ में सबसे अधिक कोयले से बिजली उत्पादन करते हैं। अंत में जब कोयला खत्म हो जाएगा तो कैसे होगा,यह चिंता आज से करने की जरूरत है। इसके साथ ही जो प्रदूषण हो रहा है इसकी भी चिंता करना है। 

डॉ.सिंह ने कहा कि शक्ति का सबसे बड़ा स्त्रोत सूर्य है। आज दुनिया के सामने सबसे बड़ी आवश्यकता सोलर ऊर्जा है। जो पृथ्वी के लिए उपयोगी होगी। जब मैं मुख्यमंत्री बना तो बस्तर, सरगुजा के दूरस्थ क्षेत्रों में बिजली पहुंचाना बड़ी चुनौती थी। हमने हर गांव तक बिजली पहुंचाने सोलर की शुरुआत की। पहली बार देश में पालिसी बनी जिसमें किसानों को 1 लाख सब्सिडी दी गई। 

डॉ. रमन सिंह ने कहा कि छत्तीसगढ़ में सबसे ज्यादा  सोलर ऊर्जा के उत्पादन की संभावना है। छत्तीसगढ़ में सोलर के उत्पादन का लक्ष्य कैसे हासिल कर सकते हैं ये उद्देश्य होना चाहिए। छत्तीसगढ़ पॉवर जनरेशन का पॉवर है। हमारी क्षमता पूरे देश में बेहतर स्थान में हैं। हर घर सोलर पहुंचाने का लक्ष्य होना चाहिए। आज मैंने भी सोलर पैनल लगाया है,उसमें मैं बिजली उत्पादक भी हूँ।। रायपुर निवास व राजनांदगांव में भी सोलर पैनल लग चुका है। जब भारत अपनी आजादी के 100 साल 2047 में पूरा करेगा, आज कोयले से  बिजली उत्पादन के क्षेत्र मे छत्तीसगढ़ आगे हैं,वह सोलर से बिजली उत्पादन के क्षेत्र में आगे होगा।

रायपुर उत्तर के विधायक पुरंदर मिश्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री रहते हमारे विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने छत्तीसगढ़ को नया स्वरूप दिया। डॉ. साहब को सोलर मैन के नाम से हम जानते हैं। वहीं शैलेन्द्र शुक्ला को सोलर एनर्जी बोल सकते हैं। आज कार्यक्रम में हम संवाद के साथ साथ छत्तीसगढ़ के विकास, सोलर एनर्जी की चिंता करेंगे। 2047 तक कैसे भारत विकसित हो इस दिशा में हम कार्य करेंगे। मैंने क्रेडा अध्यक्ष रहते किसानों के लिए जो सोचा उसे दूसरे दिन ही मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने सोर सुजला योजना का रूप देकर किसानों की उन्नति का मार्ग खोला। मैं आह्वान करता हूँ कि पीएम सूर्यघर योजना छत्तीसगढ़ में घर घर पहुंचे इसका संकल्प लें।

शैलेन्द्र शुक्ला पूर्व चेयरमैन सीएसपीडीसीएल ने कहा कि  भारत में जो सोलर एनर्जी की स्थापना हुई वो पूरे विश्व मे  सर्वाधिक है। आज हम 125 गीगा वाट से अधिक सोलर पैनल का निर्माण देश में कर रहे हैं। तत्कालीन सीएम डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में जो सोलर ऊर्जा के क्षेत्र में कार्य शुरू किए गए थे, आज उसी का उजाला फैल रहा है। जहां बिजली नहीं पहुंच सकती वहां सूर्य की ऊर्जा पहुंच सकती है, ये सोच रखने वाले डॉ. रमन सिंह के विजन को पूरे देश ने अपनाया है। 2016 में सौर सुजला से छत्तीसगढ़ में नींव रखी गई थीं । 2008 में छत्तीसगढ़ सरकार ने अपना घर अपना बिजली कार्यक्रम की शुरुआत की थी। 
आने वाले समय में सोलर से बिजली उत्पादन के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ देश में नंबर वन होगा।

छत्तीसगढ़ सोलर वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष संतोष मिश्रा ने कहा कि वन विजन, वन प्लेटफार्म, एंडलेस ऑपच्युनिटी एवं संवाद से समाधान के मूल मंत्र के साथ आयोजित यह महासंगम सोलर एवं रिन्यूएबल एनर्जी क्षेत्र के लिए एक ऐतिहासिक अवसर है। आयोजन में राज्यभर से डेढ़ हजार से अधिक प्रतिनिधि शामिल हुए हैं। इसमें प्रमुख उद्योगपति, सोलर ईपीसी प्लेयर्स, निर्माता, निवेशक, कंसल्टेंट्स, ट्रेडर्स, सर्विस प्रोवाइडर्स, तकनीकी विशेषज्ञ एवं नीति-निर्माता शामिल है।