आज का पंचांग (30 दिसंबर 2025): साल के आखिरी मंगलवार को दशमी तिथि का शुभ संयोग, नोट करें राहुकाल और पूजा का समय

आज का पंचांग (30 दिसंबर 2025): साल के आखिरी मंगलवार को दशमी तिथि का शुभ संयोग, नोट करें राहुकाल और पूजा का समय

नई दिल्ली/रायपुर। वर्ष 2025 अपने अंतिम दिनों में है। कल यानी 30 दिसंबर को साल का आखिरी मंगलवार है। यह दिन हनुमान जी की पूजा के लिए समर्पित है। पंचांग के अनुसार, कल पौष माह के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि रहेगी। अच्छी खबर यह है कि 'पंचक' समाप्त हो चुका है, इसलिए किसी भी शुभ कार्य को करने में कोई बाधा नहीं है।

जानिए कल का पंचांग, शुभ मुहूर्त और राहुकाल का समय:

तिथि और नक्षत्र (Tithi & Nakshatra)

  • तिथि: पौष शुक्ल दशमी (Dashami) तिथि रहेगी। यह तिथि किसी भी नए कार्य की शुरुआत, विशेषकर वाहन खरीदने या गृह प्रवेश के लिए शुभ मानी जाती है।

  • नक्षत्र: अश्विनी नक्षत्र (Ashwini Nakshatra) रहेगा। यह केतु का नक्षत्र है और शुभ माना जाता है।

  • राशि: चंद्रमा मेष राशि (Aries) में संचार करेंगे।

  • पंचक: नहीं है (29 दिसंबर को ही समाप्त हो चुका है)।

पूजा और कार्य का शुभ मुहूर्त (Shubh Muhurat)

मंगलवार को हनुमान जी की पूजा और महत्वपूर्ण कार्यों के लिए दिन का यह समय सबसे श्रेष्ठ है:

  • अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 12:04 बजे से 12:46 बजे तक। (यह समय किसी भी शुभ कार्य के लिए सर्वोत्तम है)।

  • अमृत काल: शाम को 04:15 बजे से 05:45 बजे तक (अनुमानित)।

  • गोधूलि बेला: शाम 05:33 बजे से 06:00 बजे तक।

सावधान! दोपहर में रहेगा राहुकाल (Ashubh Muhurat)

मंगलवार के दिन राहुकाल दोपहर के समय होता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, इस दौरान कोई भी नया कार्य, यात्रा या निवेश नहीं करना चाहिए।

  • राहुकाल (Rahu Kaal): दोपहर 02:53 बजे से 04:11 बजे तक (स्थान अनुसार 5-10 मिनट का अंतर हो सकता है)।

  • यमगंड: सुबह 09:48 बजे से 11:06 बजे तक।

मंगलवार के विशेष उपाय (Tuesday Remedies)

साल के आखिरी मंगलवार को सुख-समृद्धि पाने के लिए ये उपाय करें:

  1. सिंदूर अर्पण: हनुमान जी को चमेली के तेल में सिंदूर मिलाकर चोला चढ़ाएं। इससे कर्ज और रोगों से मुक्ति मिलती है।

  2. भोग: बेसन के लड्डू या बूंदी का भोग लगाएं और गरीबों में बांटें।

  3. पाठ: 'सुंदरकांड' या 'हनुमान चालीसा' का पाठ करें।

  4. मंत्र: 'ॐ हं हनुमते नमः' का जाप करें।

(नोट: सूर्योदय और सूर्यास्त के स्थानीय समय के अनुसार मुहूर्त में कुछ मिनटों का बदलाव संभव है।)