बारनवापारा अभ्यारण्य बना काले हिरण पुनरुद्धार की नई मिसाल 

बारनवापारा अभ्यारण्य बना काले हिरण पुनरुद्धार की नई मिसाल 

पीएम ने सराहा, सीएम ने बताया गौरव का क्षण

रायपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मासिक रेडियो कार्यक्रम मन की बात में छत्तीसगढ़ के काले हिरण संरक्षण कार्यों का उल्लेख होने के बाद प्रदेश में खुशी का माहौल है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इसे राज्य के लिए सम्मानजनक और प्रेरणादायक क्षण बताया है। 

रविवार को प्रधानमंत्री ने ‘मन की बात’ में छत्तीसगढ़ के ब्लैक बक संरक्षण प्रयासों का उल्लेख किया और उनकी सराहना की। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में ब्लैकबक यानी काले हिरणों का फिर से दिखाई देने लगे हैं। एक समय इनकी संख्या बहुत कम हो गई थी लेकिन लगातार प्रयास हुए और संरक्षण बढ़ाया गया। आज ये फिर से खुले मैदान में दौड़ते नजर आते हैं। यह हमारी खोती विरासत क़ी वापसी है। ‘मन की बात’ सुनने के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कार्यक्रम देशभर के लोगों को जोडऩे का सशक्त माध्यम बन चुका है, जहां जमीनी स्तर पर हो रहे नवाचारों को राष्ट्रीय पहचान मिलती है। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि मन की बात जैसे मंच पर छत्तीसगढ़ की उपलब्धियों का बार-बार जिक्र होना राज्य की सशक्त पहचान को दर्शाता है। इससे न सिर्फ प्रदेश का मान बढ़ता है, बल्कि आम नागरिक का आत्मविश्वास भी मजबूत होता है। मुख्यमंत्री ने बताया कि छत्तीसगढ़ में काले हिरणों के संरक्षण को लेकर किए जा रहे प्रयास अब राष्ट्रीय स्तर पर सराहे जा रहे हैं। यह राज्य की पर्यावरण संरक्षण और जैव विविधता के प्रति गंभीरता को दर्शाता है और अन्य राज्यों के लिए भी एक उदाहरण प्रस्तुत करता है।

बलौदाबाजार-भाटापारा जिले के लगभग 245 वर्ग किलोमीटर में फैला बारनवापारा वन्यजीव अभ्यारण्य आज संरक्षण की सफलता का एक सशक्त प्रमाण बनकर उभरा है। एक समय ऐसा था जब यहां से काले हिरण विलुप्तप्राय हो गए थे, लेकिन आज यह अभयारण्य लगभग 200 काला हिरण (ब्लैकबक) का बसेरा बन चुका है। यह उपलब्धि धैर्य, वैज्ञानिक देखभाल और गहरी पारिस्थितिक प्रतिबद्धता का परिणाम है।