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प्रदूषण को लेकर ग्रामीणों व स्थानीय जनप्रतिनिधियों का हंगामा आश्वासन के बाद हटे ग्रामीण



धरसीवां|औद्योगिक क्षेत्र सिलतरा के फेस -2 स्थित घनकुन इस्पात में प्रदूषण को लेकर स्थानीय ग्रामीण व जनप्रतिनिधि धरने पर बैठ गए आपको बता दें की औद्योगिक क्षेत्र सिलतरा के समीप ग्राम सोण्डरा स्थित घनकुन इस्पात संयंत्र के गेट के सामने धरना देकर बैठ गए उनका कहना है कि फैक्ट्री से काफी मात्रा में धूल डस्ट उड़ती है लेकिन कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं ।

फैक्ट्री प्रबंधन ने दिया लिखित आश्वासन

फैक्ट्री प्रबंधन का कहना है कि उद्योग में बाउंड्री वाल छोटी है उसको बढ़ाकर प्रदूषण रोकने व सभी प्रकार से प्रदूषण रोकने उपकरण लगाकर रोकने की लिखित में आश्वासन ग्रामीणों को दिया गया है ताकि भविष्य में प्रदूषण को लेकर कोई दिक्कत ना आए।

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बढ़ते प्रदूषण के कई कारण

कई फैक्ट्री रात में छोड़ते हैं धुंआ,

इस्पात भूमि के द्वारा सफाई के नाम पर करोड़ों टैक्स लेकिन सफाई व्यवस्था नाम मात्र गाड़ियों के चलते उड़ने लगती है धूल डस्ट से रोड पर चलना दूभर ,सफाई के नाम पर लाखों गबन, नहीं होती है रोजाना सफाई, हवा चलते ही गांवों में जा घुसते हैं धूल डस्ट

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ग्राम से सटे घंटी मशीन अवैध डस्ट, राखड़, लोहा पीसने की मशीन संचालित लेकिन इस पर पर्यावरण विभाग व स्थानीय जनप्रतिनिधि द्वारा कोई कार्यवाही नहीं ,ग्राम से सटे इलाकों में बड़ी मात्रा में डस्ट खापाया जा रहा है जोकि हवा चलने पर ग्रामीणों के घर पर जा घुसते हैं उस पर अंकुश लगाने पर पर्यावरण विभाग व स्थानीय जनप्रतिनिधि नाकाम रहे हैं,

रोड बनाने की जगह पर भी डस्ट का उपयोग कहीं ना कहीं गांव पर धूल डस्ट उड़ेल दिया जा रहा है उस पर भी यह अंकुश नहीं लगा पा रहे हैं जरा सी हवा चलने पर यह धूल डस्ट ग्रामीणों के घर पर धूल डस्ट की परत बनकर बैठ जाते हैं ऐसे धूल डस्ट पर जनप्रतिनिधियों का अंकुश लगाना जरूरी आखिरकार पंचायत द्वारा क्यों ऐसे लोगों पर कार्यवाही नहीं किया जा रहा है यह संदेह के दायरे में देखा जा सकता है जिनका खामियाजा आम ग्रामीण जनता भुगत रहे हैं।

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