RBI के पूर्व गवर्नर ने बताया- कैसे 2025 तक 5 ट्रिलियन डॉलर की इकोनॉमी बन सकता है भारत, लेकिन करना होगा ये काम – Channelindia News
Connect with us

BREAKING

RBI के पूर्व गवर्नर ने बताया- कैसे 2025 तक 5 ट्रिलियन डॉलर की इकोनॉमी बन सकता है भारत, लेकिन करना होगा ये काम

Published

on

भारतीय रिजर्व बैंक के पूर्व गवर्नर सी रंगराजन का कहना है कि मौजूदा परिस्थितियों में भारतीय अर्थव्यवस्था का साल 2025 तक 5,000 अरब डॉलर पर पहुंचना असंभव है. उन्होंने शुक्रवार को कहा कि इस लक्ष्य को पाने के लिए अगले पांच साल तक नौ फीसदी सालाना की जीडीपी वृद्धि दर हासिल करनी होगी.
आईसीएफएआई फाउंडेशन फोर हायर एजुकेशन के 11वें दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए रंगराजन ने कहा कि कोविड-19 की तीसरी लहर के प्रतिकूल प्रभाव से निपटने के लिए प्रयास किए जाने चाहिए. यदि ऐसा होता है, तो टीकाकरण का दायरा बढ़ाने के साथ कुल बुनियादी ढांचा निवेश के तहत स्वास्थ्य ढांचे पर निवेश बढ़ाने की जरूरत होगी. रंगराजन ने कहा, ‘‘कुछ साल पहले यह उम्मीद थी कि भारत 2025 तक 5,000 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बन जाएगा. अब यह असंभव है. साल 2019 में भारतीय अर्थव्यवस्था 2,700 अरब डॉलर की थी. मार्च 2022 के अंत तक हम इसी स्तर पर होंगे. 2,700 अरब डॉलर से 5,000 अरब डॉलर पर पहुंचने के लिए अर्थव्यवस्था को लगातार पांच साल तक नौ फीसदी की वृद्धि दर हासिल करनी होगी.’’

9.5 फीसदी ग्रोथ का अनुमान

आज मॉनिटरी पॉलिसी की घोषणा करते हुए रिजर्व बैंक ने वित्त वर्ष 2021-22 के लिए जीडीपी ग्रोथ के अनुमान को 9.5 फीसदी पर बरकरार रखा है. गवर्नर शक्तिकांत दास ने बताया कि दूसरी तिमाही में 7.9 फीसदी, तीसरी तिमाही में 6.8 फीसदी और चौथी तिमाही में 6.1 फीसदी रहने का अनुमान है. वित्त वर्ष 2022-23 की पहली तिमाही के लिए रियल जीडीपी ग्रोथ का अनुमान 17.2 फीसदी पर रहने का अनुमान किया गया है.

खर्च बढ़ाने पर भी देना होगा जोर

उन्होंने कहा कि 5,000 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था के लिए वृद्धि सरकार की सबसे बड़ी चिंता होनी चाहिए. यह कई सामाजिक आर्थिक समस्याओं का हल भी है. इक्विटी भी महत्वपूर्ण है, लेकिन सुधारों के जरिये ऊंची वृद्धि को समर्थन के बिना यह दूर की कौड़ी है. रंगराजन ने कहा, ‘‘राजस्व में सुधार के साथ खर्च भी बढ़ाया सकता है, क्योंकि राजकोषीय घाटे को सकल घरेलू उत्पाद के 6.8 फीसदी के बजट लक्ष्य से नीचे लाने की कोई जरूरत नहीं है.’’ उन्होंने कहा कि भारत को पिछले दो साल के दौरान उत्पादन में हुए नुकसान की भरपाई करने के लिए तेज वृद्धि की जरूरत है.
फिर से दिखने लगा है इकोनॉमी में सुधार
प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद के पूर्व चेयरमैन ने कहा कि कोविड-19 पर अंकुश के लिए लगाए गए लॉकडाउन से आर्थिक गतिविधियां पूरी तरह ठहर गई थीं. उन्होंने कहा कि लॉकडाउन अंकुशों में ढील के बाद अब अर्थव्यवस्था ने फिर से रफ्तार पकड़ना शुरू किया है.

 

Advertisment

Advertisement

Advertisment

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

CG Trending News

BREAKING11 mins ago

नगरपंचायत पांडातराई में तालाब पर अवैध प्लाटिंग करने का आरोप, कलेक्टर से हुई शिकायत

कवर्धा(चैनल इंडिया)|जिले में सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा का खेल तो चल ही रहा है लेकिन माफियाओं ने सार्वजनिक उपयोग...

BREAKING26 mins ago

सक्ती शहर के रामअवतार ट्रेडर्स में दीपावली पर्व को लेकर चलाई जा रही डबल धमाका स्कीम

सक्ती(चैनल इंडिया)|शहर के स्टेशन रोड में स्थित कपड़ों की प्रतिष्ठित दुकान रामअवतार ट्रेडर्स में दीपावली पर्व को लेकर डबल धमाका...

BREAKING29 mins ago

सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़, 3 नक्सली ढेर, AK-47 समेत कई हथियार बरामद

बीजापुर(चैनल इंडिया)| छत्तीसगढ़-तेलंगाना बॉर्डर पर सोमवार की सुबह सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच जबरदस्त मुठभेड़ हो गई। मुठभेड़ में सुरक्षाबलों...

BREAKING33 mins ago

शिवसेना ने पेट्रोल-डीजल मूल्य वृद्धि के खिलाफ फूंका पेट्रोलियम मंत्री का पुतला

धरसीवां/रायपुर(चैनल इंडिया)|औद्योगिक क्षेत्र के सिलतरा सांकरा शिवसेना के भारतीय कामगार सेना के द्वारा पेट्रोल, डीज़ल मूल्यवृद्धि के खिलाफ रैली निकालकर...

BREAKING39 mins ago

तेज रफ्तार कार में एक्सीडेंट के बाद लगी आग, 3 युवक झुलसे, 1 ने तोड़ा दम

रायपुर(चैनल इंडिया)| राजधानी रायपुर में एक्सीडेंट के बाद कार लग गई जिसमे 3 सवार झुलस गए. जिसमें 1 की मौत...

Advertisement
Advertisement